Friday, December 21, 2018

अल्सरेटिव कोलाइटिस : कारण , लक्षण, और डाइट प्लान Ulcerative Colitis symptoms and Diet plan in hindi

अल्सरेटिव कोलाइटिस हिंदी में Ulcerative colitis in Hindi

क्या होता है अल्सरेटिव कोलाइटिस kya hota hai ulcerative colitis:

अल्सरेटिव कोलाइटिस या बढ़िया वृह्यंत एक आंत की बीमारी है जो  मुख्यतः बड़ी आंत और मलाशय की श्लेष्मा झिल्ली के क्षतिग्रस्त होने के कारण होता है। इस रोग में आंतों में घाव हो जाते हैं। जिसमें शरीर की प्रतिरोधक क्षमता खुद ही आंतो के खिलाफ एण्टीबॉडी बनाने लगती है, इन घावों से रक्तस्राव होता है घाव आंत के अंदरूनी भाग में बड़े या छोटे हो सकते हैं। लेकिन इनके मध्य कोई सामान्य झिल्ली नहीं होती। घाव से तरल, आंव व खून का रिसव होता है जो मल के साथ बाहर निकलता है। वैसे तो दवाईयो से इलाज़ होता है पर कई बार ऑपरेट भी किया जाता है।

अल्सरेटिव कोलाइटिस के लक्षण ulcerative colitis ke lakshan:



ठीक से पेट का साफ न होना, पतले दस्त लगना, मल के साथ खून आना अल्सरेटिव कोलाइटिस के लक्षण है, परंतु ठीक जांच के बाद ही डॉक्टर के द्वारा पुस्टि होती है तो लक्षण दिखाई देने पर जल्द ही पेट रोग विशेषज्ञ को दिखाए।



अल्सरेटिव कोलाइटिस डाइट प्लान हिंदी में Diet plan for ulcerative colitis in Hindi:



सबसे पहले: 1-2 गिलास गुनगुना पानी पियें। तत्पश्चात नित्य क्रिया से निवृत होने के लिए जायें।

सुबह 7:00 बजे: 

खाली पेट: 1 चम्मच मेथी / सौंफ के बीज १ गिलास पानी में रातभर भिगोए।

सुबह 7:15 बजे: 

30-40 मिनट सैर / 30 मिनट दैनिक व्यायाम, योग

सुबह 8:00 बजे नाश्ता: 

अंडे का सफेद भाग / ताजा दही (मसले हुये केले के साथ) / मूंग दाल खिचड़ी / दलिया जिसमे पाचकअनाज शामिल हो / 1-2 चपाती + सब्जियां या दाल / ताजी दही

बीच बीच मे अनार जा जूस/ लौकी का जूस/ गाजर का जूस ले सकते है। चाय का सेवन न करे जरूरत हो तो हर्बल या ग्रीन टी ले।

दोपहर 12:00-1:00 बजे लंच: 

सब्जी / 2-3 चपाती / दाल उबले हुये चावल के साथ / मूंग दाल की खिचड़ी

शाम 5:00 बजे: 

फल / सब्जियों का सूप / अनार का रस / हर्बल चाय

रात 8:00 बजे डिनर: 

फल / सब्जियों का सूप/ सब्जी / 2-3 चपाती / दाल उबले हुये चावल के साथ सफेद चावल खाये न कि ब्राउन / मूंग दाल की खिचड़ी 

सब्जियाँ जो खानी चाहिए:

लौकी, तोरई, टिण्डा, करेला, गाजर, कद्दू, आलू, मूली, शलगम, पत्तेदार सब्जियां कम मात्रा में

सब्जियाँ जो नहीं खानी चाहियें:

लहसुन, टमाटर, अदरक, पालक, शिमला मिर्च, कच्चा सलाद, भिंडी, अर्बी, गोभी, अदरक, ब्रोकोली, मशरूम, मीठे मकई,  कच्ची प्याज, सूखे सेम, ब्रसेल्स स्प्राउट्स, मटर, बैंगन

फल जो खाने चाहियें:

केले, सेब, नाशपाती

फल जो नहीं खाने चाहियें:

मोसम्मी , आम, अमरूद, संतरे, अंगूर, अनानस, नींबू, बीज के साथ फल

दालें जिनका प्रयोग करना चाहिए:

मूंग दाल, साबुत मूंग दाल

दालें जिनका प्रयोग नही करना चाहिए:

छोले, राजमा, उड़द दाल, चना दाल

मसाले जिनका प्रयोग करना चाहिए:

सौंफ़, जीरा, धनिया, अजवायन

अन्य उत्पाद जिनका प्रयोग नहीं करना चाहिए:

कॉफी, दूध, काजू, अखरोट, आइस क्रीम, नट्स, बिस्कुट, पास्ता, मैगी, व्हाइट ब्रेड, ओट्स, सॉस, अचार, ग्रीन मिर्च, सिरका, शराब, पॉपकॉर्न, मांस, सरसों का तेल, तिल तेल, पनीर, क्रीम, उच्च फाइबर अनाज, सोया प्रोटीन

तो दोस्तो अगर आपको जानकारी पसंद आये तो कॉमेंट जरूर करे और अगर आपके कोई सुझाव हो तो जरूर बताएं।


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